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बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने के घरेलू नà¥à¤¸à¥à¤–े
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¥‚ख की कमी à¤à¤• बढती हà¥à¤ˆ समसà¥à¤¯à¤¾ है। यह कई कारणों से होती है जैसे की शारीर में विटामिनà¥à¤¸ की कमी, तापमान का गरम रहना, बचà¥à¤šà¥‡ का सवà¤à¤¾à¤µ इतियादी। लेकिन कà¥à¤› घरेलॠतरीके और कà¥à¤› सूà¤-बूठसे आप अपने बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख को बà¥à¤¾ सकती हैं ताकि उसके शारीरिक और मानसिक विकास के लिठउसके शारीर को सà¤à¥€ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ पोषक ततà¥à¤¤à¥à¤µ मिल सके।
बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने के घरेलू नà¥à¤¸à¥à¤–े
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¥‚ख की कमी होने पे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कà¥à¤› à¤à¥€ खाने की इकà¥à¤·à¤¾ नहीं होता ही। à¤à¤¸à¥‡ में माà¤-बाप की सबसे बड़ी चिंता यह रहती है की बचà¥à¤šà¥‡ को कà¥à¤¯à¤¾ खिलाया जाये की उसके शारीर के पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की आवशà¥à¤¯à¤•ता को आहारों के माधà¥à¤¯à¤® से पूरा किया जा सके।
कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के à¤à¥‹à¤œà¤¨ को परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ रूप से ना खाने से उनके शारीरिक विकास के साथ-साथ उनके मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• विकास पर à¤à¥€ बà¥à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ता है। जिससे आपका बचà¥à¤šà¤¾ आने वाले समय में पढ़ाई के साथ-साथ खेल-कूद आदि जैसी कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾à¤“ं में उसके पीछे रहने की समà¥à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ बन जाती है।
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¥‚ख की कमी कई कारणों से होता है और à¤à¤¸à¤¾ होना à¤à¤• आम बात à¤à¥€ है जिसके लिठआप को चिंता करने की कोई आवशà¥à¤¯à¤•ता नहीं है। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को खाने के लिठपà¥à¤°à¥‡à¤°à¤¿à¤¤ करना, उनके आहार को बà¥à¤¾à¤¨à¤¾ à¤à¤• चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ à¤à¤°à¤¾ कारà¥à¤¯ है जिसे आप थोड़ी समठसे पूरा कर सकती हैं। अगर शिशॠको उसके आहार से पूरा पोषण नहीं मिल पा रहा है तो आप:
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के आहार में फल और सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥Œà¤‚ को समलà¥à¤²à¤¿à¤¤ करें
शिशॠआहार तयार करते समय उसमे देशी घी या मकà¥à¤–न का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करें
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤«à¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ दें। डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤«à¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ में बहà¥à¤¤ ही घनिषà¥à¤Ÿ मातà¥à¤° में पोषक ततà¥à¤¤à¥à¤µ होते हैं। बचà¥à¤šà¥‡ के लिठरवा पà¥à¤¡à¤¿à¤‚ग (हलà¥à¤†) बनाते समय उसमे à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤«à¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ डाल दें। मातà¥à¤° à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤«à¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ आप के बचà¥à¤šà¥‡ की अधिकांश पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की कमी को पूरा कर देगा।
धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ दें: अगर बचà¥à¤šà¥‡ का लगातार वजन घट रहा है, या फिर उसका वजन बà¥à¤¨à¤¾ रूक गया है, तो यह किसी बीमारी का संकेत à¤à¥€ हो सकता हैं और यह घमà¥à¤à¥€à¤° चिंता का विषय है। इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में आप को अपने बचà¥à¤šà¥‡ को डॉकà¥à¤Ÿà¤° को दिखाना चाहिठताकि बचà¥à¤šà¥‡ का समय पे सही इलाज किया जा सके। समय पे इलाज ना मिलने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में बचà¥à¤šà¥‡ को कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ à¤à¥€ हो सकता है। जो बचà¥à¤šà¥‡ बार बार बीमार पड़ते हैं उनके शारीर में à¤à¥€ पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की कमी पाई गयी है। इस समसà¥à¤¯à¤¾ से निपटने के लिठडोकà¥à¤Ÿà¤° की राय आवशà¥à¤¯à¤• है। आप बचà¥à¤šà¥‡ को उसके बीमारी के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° à¤à¥€ आहार दे सकती हैं। उदहारण के लिठदसà¥à¤¤ के दौरान शिशॠको आहार उसके इस अवसà¥à¤¥à¤¾ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° दें। कई बार बचà¥à¤šà¥‡ कबà¥à¤œ की वजह से à¤à¥€ खाना खाना बंद कर देते हैं। à¤à¤¸à¥‡ में कबà¥à¤œ की समसà¥à¤¯à¤¾ का निवारण होते ही फिर से आहार गà¥à¤°à¤¹à¤£ करना पà¥à¤°à¤¾à¤°à¤‚ठकर देते हैं।
इस लेख में:
शिशॠकी रूचि के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° आहार दें
बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खाना खाà¤à¤‚
कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें
दूसरे बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के साथ खिलाà¤à¤‚
बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने के लिठकरें विटामिंस का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤—
बचà¥à¤šà¥‡ की खाने से कराà¤à¤‚ दोसà¥à¤¤à¥€
मानसून फलों का à¤à¥€ कराये सेवन
थोड़े थोड़े समय अंतराल पर बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को खिलाते रहे
डॉकà¥à¤Ÿà¤° से ले परामरà¥à¤¶
अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों को देनी चाहिठइन बातों पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨
कà¥à¤› बातें बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को à¤à¥€ सिखाà¤à¤‚
डाइटीशियन डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह
निषà¥à¤•रà¥à¤·
शिशॠकी रूचि के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° आहार दें
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को तरह तरह के सà¥à¤µà¤¾à¤¦ वाले à¤à¥‹à¤œà¤¨ पसंद आते हैं। कà¥à¤› à¤à¤¸à¥‡ विशेष à¤à¥‹à¤œà¤¨ होते हैं जो उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ नहीं पसंद आते हैं और वहीठकà¥à¤› à¤à¤¸à¥‡ à¤à¥‹à¤œà¤¨ होते हैं जो उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ बहà¥à¤¤ पसंद आते हैं।
kya kre
बचà¥à¤šà¥‡ चटक सà¥à¤µà¤¾à¤¦ वाली à¤à¥‹à¤œà¤¨ को ही जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पसंद करते हैं जिसकी वजह से उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ व संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार से मिलने वाले पोषण विटामिंस आदि पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ रà¥à¤ª से नहीं मिल पाती है।
अगर बचà¥à¤šà¥‡ केवल अपनी इकà¥à¤·à¤¾ से ही à¤à¥‹à¤œà¤¨ करें तो कई महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ आहारों से वंचित रह जायेंगे जो उनके विकास के लिठबहà¥à¤¤ आवशà¥à¤¯à¤• है। उदहारण के लिठबचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को चॉकलेट बहà¥à¤¤ पसंद आती है लेकिन उनमें ना तो विटामिन होता है और ना ही कोई अनà¥à¤¯ पोषक ततà¥à¤µà¥¤ दूसरी तरफ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ बिलकà¥à¤² पसदं नहीं आती हैं। लेकिन सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥Œà¤‚ में à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤° में पोषकततà¥à¤µ पाठजाते हैं जो उसके विकास के लिठअचà¥à¤›à¥‡ हैं।
इन बातों का विशेष रà¥à¤ª से धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखें-
बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खाना खाà¤à¤‚-
आप अपने बचà¥à¤šà¥‡ के साथ बैठकर खाना खाà¤à¤‚ और उसे छोटे-छोटे बाइट बनाकर दें। खाने को रोचक तरीके से खिलाà¤à¤‚। अपने बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खाते समय उसके साथ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤—िता करें कि कौन पहले खाना खाता है।
बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खाना खाà¤à¤‚.jpg
à¤à¤¸à¥‡ में आप का बचà¥à¤šà¤¾ खाने को जलà¥à¤¦ से जलà¥à¤¦ खतà¥à¤® करना चाहेगा और पूरे खाने को खाने की कोशिश करेगा। à¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‡ के पूरा खाना ना खाने की समसà¥à¤¯à¤¾ काफी हद तक दूर हो जाती है।
कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के मनपसंद के कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ का जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें। à¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‡ अपने पसंद के कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨ में खेल-खेल में खाने को पूरा खा लेते हैं तथा खाने को खाते समय उनका मन à¤à¥€ लगा रहता है।
कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें
कारà¥à¤Ÿà¥‚न वाले बरà¥à¤¤à¤¨ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को बहà¥à¤¤ ही आकरà¥à¤·à¤¿à¤¤ करते हैं। यह बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को पूरा à¤à¥‹à¤œà¤¨ खिलाने का à¤à¤• सबसे सरल तरीका है। इससे बचà¥à¤šà¥‡ पूरे खाने को खाने की आदत सीख लेते हैं।
इस पà¥à¤°à¤•ार के बरà¥à¤¤à¤¨ में आप बचà¥à¤šà¥‡ को तरह तरह से आहारों को परोस सकते हैं। इससे आप के बचà¥à¤šà¥‡ की खाने में रà¥à¤šà¤¿ बà¥à¥‡à¤—ी और खाना खाना उसके लिठà¤à¤• खेल के जैसे हो जाà¤à¤—ी।
दूसरे बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के साथ खिलाà¤à¤‚-
बचà¥à¤šà¥‡ को कà¤à¥€ à¤à¥€ अकेले खाना ना खिलाà¤à¥¤ या तो आप खà¥à¤¦ बचà¥à¤šà¥‡ के साथ बैठकर खाना खाà¤à¤‚ या घर के किसी अनà¥à¤¯ बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खाना खिलाà¤à¥¤ दà¥à¤¸à¤°à¥‡ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के साथ बैठकर खाना खाने से उनमें आहार के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रूचि बढती है तथा उन पर आप नजर à¤à¥€ रख सकती हैं कि बचà¥à¤šà¤¾ अपने खाने को पूरà¥à¤£ रूप से खा रहा है या नहीं।
दूसरे बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के साथ खिलाà¤à¤‚
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¤• विशेषता होती है कि जब वे किसी अनà¥à¤¯ बचà¥à¤šà¥‡ के साथ बैठकर खाना खाते हैं तो वे उस खाने को खेल-खेल में ही कब पूरा खा जाते हैं उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ पता à¤à¥€ नहीं चलता है। इससे बचà¥à¤šà¥‡ के पूरा खाना ना खाने की समसà¥à¤¯à¤¾ दूर की जा सकती है।
बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने के लिठकरें विटामिंस का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤—
यदि आपके बचà¥à¤šà¥‡ को आवशà¥à¤¯à¤•ता से कम à¤à¥‚ख लगती है तो आप डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लें तथा उन से परामरà¥à¤¶ ले कर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कà¥à¤› विटामिंस की खà¥à¤°à¤¾à¤• देने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करें।
बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने के लिठकरें विटामिंस का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤—
विटामिन बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख बढ़ाने में आपकी मदद करेगी। कà¥à¤› विशेष पà¥à¤°à¤•ार के विटामिन जैसे विटामिन बी बचà¥à¤šà¥‡ की शरीर के विकास में मदद करती है।
इसमें बी-12 और फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ होते हैं। जो बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख को बहà¥à¤¤ ही अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में बढ़ाने में सहायक होते हैं साथ ही बचà¥à¤šà¥‡ के बौधिक विकास के लिठफोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ à¤à¤¹à¤® à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¤¾ है।
बचà¥à¤šà¥‡ की खाने से कराà¤à¤‚ दोसà¥à¤¤à¥€
बचà¥à¤šà¥‡ के पसंदीदा खाने को पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• व संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ बनाने की कोशिश करें। इसके लिठउसके पसंदीदा खाने में à¤à¤¸à¥‡ आहारों को समà¥à¤®à¤²à¤¿à¤¤ करें जिसमें à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤° में पोषक ततà¥à¤¤à¥à¤µ हों। इस तरह खेल खेल में उनमें पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहारों के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रà¥à¤šà¤¿ बà¥à¥‡à¤—ी।
.बचà¥à¤šà¥‡ की खाने से कराà¤à¤‚ दोसà¥à¤¤à¥€
यदि किसी à¤à¥‹à¤œà¤¨ को बचà¥à¤šà¤¾ खाने से मना करता है तो उस à¤à¥‹à¤œà¤¨ को आप सà¥à¤µà¤¯à¤‚ खà¥à¤¦ खा कर उसे दिखाà¤à¤‚ और उसे à¤à¤¸à¤¾ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ करें कि वह à¤à¥‹à¤œà¤¨ सà¥à¤µà¤¾à¤¦ में बहà¥à¤¤ ही अचà¥à¤›à¤¾ है।
à¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‡ को à¤à¤¸à¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤¤ होगा कि à¤à¥‹à¤œà¤¨ सà¥à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥à¤Ÿ है और उस à¤à¥‹à¤œà¤¨ को वह खाने के लिठरà¥à¤šà¤¿ दिखाà¤à¤—ा। à¤à¤• बार बचà¥à¤šà¥‡ की दोसà¥à¤¤à¥€ à¤à¥‹à¤œà¤¨ से हो जाने पर। इसलिठजितना संà¤à¤µ हो सके अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों को अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को नà¤-नठà¤à¥‹à¤œà¤¨ से दोसà¥à¤¤à¥€ कराते रहना चाहिà¤
मौसमी फलों का à¤à¥€ कराये सेवन
यह अवशà¥à¤¯ धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ दें कि बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार के साथ-साथ मौसम में आने वाले फलों का à¤à¥€ निरंतर रूप से सेवन कराते रहें। à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में बचà¥à¤šà¥‡ की पाचन शकà¥à¤¤à¤¿ बढ़ती है तथा बचà¥à¤šà¥‡ को à¤à¥‚ख à¤à¥€ लगती है।
मानसून फलों का à¤à¥€ कराये सेवन
बचà¥à¤šà¥‡ को फलों से मिलने वाले विà¤à¤¿à¤¨à¥à¤¨ पà¥à¤°à¤•ार के विटामिन उसके सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहने के लिठआवशà¥à¤¯à¤• हैं। फलों का बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के विकास में महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ योगदान होता है।
जिन फलों को बचà¥à¤šà¥‡ खाने में रà¥à¤šà¤¿ लेते हैं उन फलों को उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ निरंतर खिलाते रहे। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि फलों का सेवन किसी à¤à¥€ रà¥à¤ª से शरीर के लिठनà¥à¤•सानदेह नहीं होता है।
थोड़े थोड़े समय अंतराल पर बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को खिलाते रहे-
बचà¥à¤šà¥‡ को हर थोड़े थोड़े समय के अंतराल पर खिलाते रहने से यदि वह किसी समय अपने à¤à¥‹à¤œà¤¨ को पूरà¥à¤£ रà¥à¤ª से नहीं खाया होता है तो उस अधूरे पोषण की पूरà¥à¤¤à¤¿ हो जाती है।
थोड़े थोड़े समय अंतराल पर बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को खिलाते रहे
समय-समय पर बचà¥à¤šà¥‡ को खिलाते रहने से उसके à¤à¥‚ख लगने की कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ काफी बढ़ जाती है à¤à¥‹à¤œà¤¨ के ना मिलने पर बचà¥à¤šà¥‡ खà¥à¤¦ ब खà¥à¤¦ कà¥à¤› à¤à¤¸à¥€ हरकतों को करके जैसे रोके चिलà¥à¤²à¤¾ के आदि।
संकेतों से यह आपको बताते हैं कि उनको à¤à¥‹à¤œà¤¨ की आवशà¥à¤¯à¤•ता है।
डॉकà¥à¤Ÿà¤° से ले परामरà¥à¤¶-
बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख ना लगने की बढ़ती समसà¥à¤¯à¤¾ को देखते हà¥à¤ आप किसी अचà¥à¤›à¥‡ डॉकà¥à¤Ÿà¤° से इस बारे में आवशà¥à¤¯à¤• परामरà¥à¤¶ ले सकते हैं और आवशà¥à¤¯à¤•ता पड़ने पर कà¥à¤› दवाओं का à¤à¥€ उपयोग किया जा सकता है।
डॉकà¥à¤Ÿà¤° से ले परामरà¥à¤¶
किसी à¤à¥€ दवा का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— बिना डॉकà¥à¤Ÿà¤° के परामरà¥à¤¶ के बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को नहीं देना चाहिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि à¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के शरीर में बहà¥à¤¤ ही बà¥à¤°à¤¾ असर पड़ता है।
इसलिठजब à¤à¥€ आप à¤à¤¸à¥€ कà¥à¤› सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में पढ़ें तो आप à¤à¤• बार डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेकर ही दवाओं का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें सही दवा के पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करने से बचà¥à¤šà¥‡ की à¤à¥‚ख लगने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ जाà¤à¤—ी तथा वह à¤à¥‹à¤œà¤¨ को पूरà¥à¤£ रà¥à¤ª से खाना पà¥à¤°à¤¾à¤°à¤‚ठकर देगा।
अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों को देनी चाहिठइन बातों पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨
बचà¥à¤šà¥‡ के खाने पर रखें नजर - बचà¥à¤šà¥‡ के खाना खाते समय उन पर नजर रखने की बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बचà¥à¤šà¥‡ खेलने TV देखने आदि इन सब कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾à¤“ं के चकà¥à¤•र में अपने खाने को पूरा नहीं खाते वह खाना को खाने में काफी समय à¤à¥€ लगाते हैं।बचà¥à¤šà¥‡ के खाने पर रखें नजरà¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में बचà¥à¤šà¥‡ का खाने से रूसी हट जाता है तथा वह अपने खाने को पूरी तरह से नहीं खाता है à¤à¤¸à¥‡ में यह धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ दें कि बचà¥à¤šà¤¾ जब अपने खाने को खाता है। तो उसका सारा धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ उसके पà¥à¤²à¥‡à¤Ÿ पर हो कितनी जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ हो सके आप बचà¥à¤šà¥‡ के पास बैठकर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ पूरे खाने को खतà¥à¤® करने के लिठकहते रहना चाहिà¤à¥¤
बचà¥à¤šà¥‡ को पà¥à¤¯à¤¾à¤° से खिलाठखाना - बचà¥à¤šà¥‡ को खाना खिलाते समय हमेशा विनमà¥à¤°à¤¤à¤¾ वह पà¥à¤¯à¤¾à¤° की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ ही रखनी चाहिठकà¤à¥€ à¤à¥€ बचà¥à¤šà¥‡ को दबाव डालकर या गà¥à¤¸à¥à¤¸à¥‡ से खाना नहीं खिलाना चाहिठà¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‡ का खाने के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रà¥à¤šà¤¿ कम होने लगता है इसलिठआप अपने बचà¥à¤šà¥‡ को जब à¤à¥€ खाना खिलाà¤à¤‚ उसे पà¥à¤¯à¤¾à¤° के साथ खाना खिलाà¤à¤‚ खाना खिलाते समय उनसे कà¥à¤› नटखटी बातें à¤à¥€ करते रहे जिनसे उनका मन खाने को खाने में बना रहे
बचà¥à¤šà¥‡ को बाहरी खाने से रखे दूर - अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों को इस बात का विशेष धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देना चाहिठकि बचà¥à¤šà¥‡ को बाहर के खाने से दूर रखा जाठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि à¤à¤¸à¥‡ खाने à¤à¤¸à¥‡ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ मिल जाता है लेकिन उनके शरीर के विकास के लिठआवशà¥à¤¯à¤• पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• ततà¥à¤µ नहीं मिल पाते हैं।extra2बिसà¥à¤•िट चॉकलेट नमकीन टॉफी आदि à¤à¤¸à¥€ चीजों से बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को तू रखना चाहिठइनमें सà¥à¤µà¤¾à¤¦ होने की वजह से बचà¥à¤šà¥‡ पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार ओ को ना खाना पसंद करते हैं
सà¥à¤µà¤¯à¤‚ पर à¤à¥€ रखें कंटà¥à¤°à¥‹à¤² - बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के सामने कà¤à¥€ à¤à¥€ à¤à¤¸à¥‡ à¤à¥‹à¤œà¤¨ का सेवन ना करें जो उनके सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ के लिठहानिकारक हो कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बचà¥à¤šà¥‡ अपने माता-पिता को देख कर ही सीखते हैं उनके सामने जितना हो सके पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार कोई खाà¤à¤‚ तथा उन आहार के बारे में उनको जानकारी à¤à¥€ देते रहें कि à¤à¤¸à¥‡ à¤à¥‹à¤œà¤¨ के कà¥à¤¯à¤¾ कà¥à¤¯à¤¾ फायदे होते हैं तथा à¤à¤¸à¥‡ खानों में उनकी रà¥à¤šà¤¿ बनाते रहे।
कà¥à¤› बातें बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को à¤à¥€ सिखाà¤à¤‚-
खाने के समय का निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤£ करना - बचà¥à¤šà¥‡ के खाने के समय को हमेशा धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ में रखना चाहिठतथा उनका à¤à¤• निशà¥à¤šà¤¿à¤¤ समय बना देना चाहिठकि उनको किस समय किस पà¥à¤°à¤•ार के à¤à¥‹à¤œà¤¨ को करना है à¤à¤¸à¤¾ करने से खाने की निरंतरता बनी रहती है जिससे बचà¥à¤šà¥‡ को कà¤à¥€ à¤à¥€ कम à¤à¥‚ख लगने की समसà¥à¤¯à¤¾ नहीं उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ होती है तथा सही समय पर à¤à¥‹à¤œà¤¨ को करने से बचà¥à¤šà¥‡ के शारीरिक विकास की गति बहà¥à¤¤ तीवà¥à¤° हो जाती है
बचà¥à¤šà¥‡ से शेयर करें à¤à¥‹à¤œà¤¨ के फायदे - जब à¤à¥€ बचà¥à¤šà¥‡ को आप à¤à¥‹à¤œà¤¨ देते हैं तो उस à¤à¥‹à¤œà¤¨ की विशेषता को उनसे जरà¥à¤° शेयर करें तथा उनसे आसान तरीके से यह बताà¤à¤‚ कि इस à¤à¥‹à¤œà¤¨ को करने से उनके शरीर में कà¥à¤¯à¤¾ विकास होगा इस कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को आप बचà¥à¤šà¥‡ के साथ खेल खेल में à¤à¥€ कर सकते हैं।
डाइटीशियन डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह-
डाइटीशियन डॉकà¥à¤Ÿà¤° राशि घर का मानना है। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को मैं खाने के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रà¥à¤šà¤¿ बढ़ाने के लिठउनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कहानियां कविताà¤à¤‚ जैसी चीजों से हलà¥à¤¦à¥€ खाने के महतà¥à¤µ के बारे में बताना चाहिà¤à¥¤ उसे à¤à¤• बार में सब कà¥à¤› खिलाना बहà¥à¤¤ ही मà¥à¤¶à¥à¤•िल होगा à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कà¥à¤› समय अंतराल पर वह थोड़ी थोड़ी मातà¥à¤°à¤¾ में लेकिन निरंतर कà¥à¤°à¤® में à¤à¤¸à¥‡ पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ को देते रहना चाहिठदिन में कम से कम तीन बार à¤à¤¸à¥‡ à¤à¤œà¤¨à¥‹à¤‚ का सेवन कराते रहना चाहिà¤à¥¤ जैसे सà¥à¤¨à¥ˆà¤•à¥à¤¸ फल दूध आदि à¤à¤¸à¤¾ करने से बचà¥à¤šà¥‡ में खाने के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ अनà¥à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ à¤à¥€ बना रहेगा और उसे खाने से संपूरà¥à¤£ पोषण à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ होता रहेगा जैसा कि पहले à¤à¥€ बताया गया है। कि कि माता-पिता अपने साथी बचà¥à¤šà¥‡ को खाना खिलाà¤à¤‚ रोटी से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में सबà¥à¤œà¥€ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रà¥à¤šà¤¿ बनाना आवशà¥à¤¯à¤• है इसके लिठआप चà¥à¤•ंदर पालक गोà¤à¥€ जैसे सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— कर सकते हैं कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बचà¥à¤šà¥‡ को खाना खिलाने का उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ उनके शरीर का पूरà¥à¤£ रूप से विकास से ही होता है। अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों को यह बहà¥à¤¤ ही महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ बात का धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देना चाहिठकि बचà¥à¤šà¥‡ को जब खाना खिलाते हैं तो खाने के साथ-साथ उसे पानी पीते रहने की आदत बिलà¥à¤•à¥à¤² ना पड़े यह आगे चलकर à¤à¤• बहà¥à¤¤ बड़ी समसà¥à¤¯à¤¾ उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ हो जाती है। जिससे बचà¥à¤šà¥‡ को à¤à¥‚ख लगना कम होने लगता है।
निषà¥à¤•रà¥à¤·
à¤à¤¸à¥‡ ही कà¥à¤› विशेष तरीकों के साथ आप अपने बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के à¤à¥‚ख की समसà¥à¤¯à¤¾ को दूर कर सकते हैं तथा धीरे-धीरे उनमें संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार के à¤à¥‹à¤œà¤¨ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ रà¥à¤šà¤¿ डालने से उनको आसानी से खाना शà¥à¤°à¥‚ कर देंगे यह आदत बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में 1 दिन में तो नहीं संà¤à¤µ है।
लेकिन à¤à¤• निशà¥à¤šà¤¿à¤¤ समय के साथ साथ उनको निरंतर à¤à¤¸à¥‡ पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• आहार देते रहने से उनको à¤à¤¸à¥‡ बोलने की आदत पड़ जाठशà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ दौर में बचà¥à¤šà¥‡ à¤à¤¸à¥‡ à¤à¥‹à¤œà¤¨ को खाना नहीं पसंद करते हैं।
extra
लेकिन à¤à¤• नियमित आदत से यह चीज संà¤à¤µ है।आपका बचà¥à¤šà¤¾ जितना अधिक पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ को करेगा उतना ही वह सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहेगा वह उनके शरीर का विकास à¤à¥€ पूरà¥à¤£ रà¥à¤ª से होता रहेगा।
बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के साथ कà¤à¥€ à¤à¥€ जबरदसà¥à¤¤à¥€ करके फिर से वह उन पर दबाव डालकर à¤à¤¸à¥€ चीजों की आदत नहीं डलवाई जा सकती है।
इसीलिठजितना संà¤à¤µ हो अब अपने बचà¥à¤šà¥‡ से पà¥à¤¯à¤¾à¤° से पेश आà¤à¤‚ विजिट करने से बचà¥à¤šà¥‡ चिड़चिड़े हो जाते हैं।
वह खाने को जानबूà¤à¤•र नहीं खाते हैं और अगर वह à¤à¤¸à¤¾ करते हैं तो उनके शरीर पर इसका बहà¥à¤¤ ही जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ दà¥à¤·à¥à¤ªà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ पड़ने लगता है।
Important Note: यहाठदी गयी जानकारी की सटीकता, समयबदà¥à¤§à¤¤à¤¾ और वासà¥â€à¤¤à¤µà¤¿à¤•ता सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥â€à¤šà¤¿à¤¤ करने का हर समà¥â€à¤à¤µ पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ किया गया है । यहाठसà¤à¥€ सामगà¥à¤°à¥€ केवल पाठकों की जानकारी और जà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤µà¤°à¥à¤§à¤¨ के लिठदी गई है। हमारा आपसे विनमà¥à¤° निवेदन है कि यहाठदिठगठकिसी à¤à¥€ उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकितà¥â€à¤¸à¤• से अवशà¥â€à¤¯ संपरà¥à¤• करें। आपका चिकितà¥â€à¤¸à¤• आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकलà¥â€à¤ª नहीं है। अगर यहाठदिठगठकिसी उपाय के इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² से आपको कोई सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ हानि या किसी à¤à¥€ पà¥à¤°à¤•ार का नà¥à¤•सान होता है तो kidhealthcenter.com की कोई à¤à¥€ नैतिक जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ नहीं बनती है।
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